रिपोर्ट | स्थानीय संवाददाता
Jalaun : प्राप्त जानकारी के मुताबिक लहचूरा गांव पंचायत की सार्वजनिक मरघट (श्मशान) भूमि पर कथित अवैध कब्ज़े का गंभीर मामला सामने आया है। इस संबंध में ग्राम प्रधान अनिल कुमार वर्मा ने सीधे तहसीलदार के समक्ष लिखित शिकायत पत्र देकर कार्रवाई की मांग की है।वीडियो में ग्राम प्रधान स्पष्ट रूप से आरोप लगाते हुए कहते हैं कि संबंधित भूमि गांव की मरघट के रूप में दर्ज है और उसका उपयोग अंतिम संस्कार जैसे सार्वजनिक कार्यों के लिए होता रहा है।
वर्तमान में सदर विधायक गौरी शंकर वर्मा के द्वारा श्मशान घाट के नवनिर्माण के लिए राशि भी स्वीकृत की जा चुकी है लेकिन दबंग लोगो के द्वारा अतिक्रमण के चलते शमशान घाट का निर्माण कार्य बाधित है। इसके बावजूद कथित तौर पर लहचूरा निवासी ओमप्रकाश रजक एवं उनके परिवार के सदस्य उक्त भूमि ओर वहां पहुंचे वाले रास्ते पर कब्ज़ा कर निजी उपयोग कर रहे है, जो नियमों और सामाजिक मर्यादाओं दोनों का उल्लंघन है।
मरघट की भूमि पर अवैध कब्ज़े का आरोप, ग्राम प्रधान और ग्राम पंचायत के सदस्यों ने तहसीलदार से की लिखित शिकायत
ग्राम प्रधान का कहना है कि यह न तो कृषि भूमि है और न ही किसी निजी व्यक्ति की संपत्ति, बल्कि ग्राम समाज की सामूहिक संपत्ति है। उन्होंने तहसीलदार को सौंपे गए शिकायत पत्र में भूमि अभिलेखों की जांच कराने, मौके का निरीक्षण करने और यदि कब्ज़ा अवैध पाया जाए तो तत्काल हटवाकर दोषियों के खिलाफ सख़्त कार्रवाई की मांग की है।मामले को लेकर ग्रामीणों में भी रोष देखा जा रहा है। लोगों का कहना है कि मरघट जैसी संवेदनशील भूमि पर कब्ज़ा समाजिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला कृत्य है और इस पर प्रशासन को बिना देरी हस्तक्षेप करना चाहिए।
फिलहाल तहसील स्तर पर शिकायत दर्ज होने के बाद प्रशासनिक कार्रवाई की प्रतीक्षा की जा रही है। अधिकारियों की ओर से अभी तक कोई औपचारिक बयान जारी नहीं किया गया है।




